जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने चौधरी चरण सिंह निरीक्षण भवन का किया लोकार्पण
– 240 क्यूसेक क्षमता वाले इस नए पंप कैनाल का बटन दबा कर मंत्री ने किया लोकार्पण
– क्षेत्र के 50 बड़े काश्तकारों को सम्मानित करने के साथ ही परिसर में किया पौधरोपण
जिले के मुखलिसपुर में स्थित चौधरी चरण सिंह
कुआनो पम्प कैनाल के आधुनिकीकरण कार्य का रविवार को प्रदेश के जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच लोकार्पण किया। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के पूरा होने से क्षेत्र में सिंचाई की व्यवस्था और सुदृढ़ हो सकेगी। क्षेत्र के बड़े काश्तकारों को सम्मानित करने के साथ ही कैबिनेट मंत्री ने परिसर में पौधारोपण भी किया।
प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री स्वतंत्र देव सिंह रविवार को मुखलिसपुर स्थित चौधरी चरण सिंह पंप कैनाल पर पहुंचे।पिछले वित्तीय वर्ष में 1766.89 लाख रूपये की लगत से इस पंप कैनाल के आधुनिकीकरण का कार्य कराया गया था। आधुनिकीकरण कार्य के दौरान नए मोटर, पंप आदि का कायाकल्प हुआ। जिसके चलते पहले जहां इस कैनाल की क्षमता 60 क्यूसेक से 240 क्यूसेक पानी की हो गई। विभागीय अधिकारियों की माने तो इस कैनाल से अब पहले की अपेक्षा 3,488 हेक्टेयर अधिक फसल की सिंचाई आसानी से हो सकती है। जिससे जिले के 5 हजार 58 नए किसान परिवार भी लाभान्वित होंगे। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच जलशक्ति मंत्री ने बटन दबा कर इस नवीनीकरण परियोजना का लोकार्पण किया। अपने संबोधन में कैविनेट मंत्री श्री सिंह ने कहा कि प्रदेश की योगी सरकार किसानों के हितों की रक्षा के लिए संकल्पित है। लगातार यह प्रयास किया जा रहा है कि किसानों को किस तरह की सुविधा उपलब्ध कराई जाय जिससे उन्हें उपज का बेहतर लाभ मिल सके। श्री सिंह ने स्पष्ट किया कि सरकार की इसी नीति के चलते लगभग 62 साल पुराने इस पंप कैनाल को उच्चीकृत करके अधिक से अधिक किसानों को लाभ पहुंचाया जा रहा है। कैविनेट मंत्री ने इस नहर से लाभान्वित 50 बड़े किसानों को छाता और टॉर्च देकर सम्मानित किया।अधिशासी अभियन्ता (लिफ्ट सिंचाई खण्ड, गोरखपुर) के नेतृत्व में सिंचाई विभाग के सभी अधिकारियों ने बुके और गुलदस्ता भेंट कर उनका स्वागत किया। कबीना मंत्री श्री सिंह के साथ ही सभी विभागीय अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने परिसर में अपने अपने नाम के पौधे भी लगाए। इस दौरान क्षेत्रीय विधायक गणेश चौहान, तहसीलदार प्रतिमा मौर्य, थानाध्यक्ष दुर्गेश कुमार पांडेय, ग्राम प्रधान प्रतिनिधि मनोज अग्रहरि, भाजपा नेता अजय मिश्र, रत्नेश मिश्र, राजेंद्र राय, हेमंत चतुर्वेदी, राजीव गुप्ता, रमेश गुप्ता सहित तमाम अधिकारी और पार्टी नेता मौजूद रहे।
विभाग के अनुसार वर्ष 1963-64 में स्थापित इस पम्प नहर की कुल लंबाई 115.22 किलोमीटर है। इसकी क्षमता 240 क्यूसेक है। इससे पहले लगभग 285 गांवों के 23,194 कृषक परिवार 14,725 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई के लिए इस पर निर्भर थे। इस परियोजना के नवीनीकरण के लिए आवंटित धनराशि में 58.35 लाख रुपये की बचत के साथ कार्य पूर्ण कराया गया है।
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