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उत्तर प्रदेश में अतिपिछड़ा एकीकरण महाअभियान की इकाई द्वारा 17 अतिपिछड़ी जातियों के मुख्य आधार—कुम्हार और शिल्पकार आरक्षण के लिए कानूनी लड़ाई तेज कर दी गई है। महाअभियान के विधिक सलाहकार एडवोकेट दीपक कुमार प्रजापति और आईटी सेल प्रभारी वैद्य देवेन्द्र कुमार प्रजापति, सीनियर एडवोकेट सौरभ कुमार के चेंबर में बैठकर इस संबंध में एक रिट याचिका तैयार करने में जुटे हैं। समाज के हित में किए जा रहे इस प्रयास को निस्वार्थ और निष्ठावान बताया गया है।
दूसरी तरफ, समाज को गुमराह करने वाले राजनीतिक सौदागरों और स्वार्थी तत्वों पर सीधा निशाना साधा गया है। आरोप लगाया गया है कि ये लोग समाज को टुकड़ों में बांटकर अपनी राजनीतिक रोटियां सेक रहे हैं। यदि वोट डाइवर्ट करने का खेल न खेला गया होता, तो उपेक्षित और वंचित अतिपिछड़े वर्गों के संवैधानिक आरक्षण का यह मामला बहुत पहले ही सुलझ गया होता।
शिल्पकार आरक्षण के सभी समर्थकों से एकजुट होने की अपील की गई है। उनसे आह्वान किया गया है कि वे किसी भी बहकावे में न आएं और तन-मन-धन से इस आंदोलन का समर्थन करें। इस मुहिम के जरिए संकल्प व्यक्त किया गया है कि हर हाल में निर्विवाद रूप से आरक्षण हासिल किया जाएगा।
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