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संतकबीरनगर में शिक्षा विभाग पर भ्रष्टाचार और तानाशाही हुकूमत को बढ़ावा देने का गंभीर आरोप लगा है, जिससे शिक्षा के ‘चार खंभों’ के टूटने की बात कही जा रही है। बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) अमित सिंह और एक खंड शिक्षा अधिकारी (BEO) पर बिना किसी नोटिस या सुनवाई के एडवोकेट एकेडमी स्कूल को सील करने का आरोप है, जिसके कारण 150 बच्चों को घर बैठना पड़ा है, इसे ‘आर्टिकल 21ए की हत्या’ बताया गया है।
आरोप है कि न्याय के खंभे को तोड़ते हुए जिस BEO और BSA के खिलाफ शिकायत दर्ज की गई थी, उन्हीं को जांच अधिकारी बना दिया गया, जो ‘नेचुरल जस्टिस की हत्या’ के समान है क्योंकि ‘आरोपी ही जज बन गया’। विकास के खंभे के तहत, स्कूल ने प्री-प्राइमरी से कक्षा 8 तक के लिए ससमय डीम्ड मान्यता और UDISE कोड के लिए आवेदन किया था, साथ ही 3 साल में मानक पूरे करने का शपथ पत्र भी दिया था, लेकिन उनकी फाइल दबा दी गई। कानून के खंभे का उल्लंघन करते हुए, दो दर्जन से अधिक RTI और शिकायतें दबा दी गईं, और इसके बजाय FIR 328/2025 के आरोपियों के दबाव में एसडीएम और नायब तहसीलदार धनघटा को आगे कर स्कूल पर अवैध कार्रवाई की गई।
यह स्थिति ‘शिक्षा माफिया + भ्रष्ट अफसर + धनबली आरोपियों’ के एक मजबूत सिंडिकेट की ओर इशारा करती है, जिसने पहले दिन से ही स्कूल को प्रताड़ित करना शुरू कर दिया था। शिकायतकर्ता अनिल कुमार प्रजापति ने इस ब्लॉक में दर्जनों अन्य स्कूलों के उदाहरण दिए हैं जो बिना मानकों के और 5वीं कक्षा तक की मान्यता पर हाईस्कूल इंटर तक चल रहे हैं, लेकिन उन पर कोई कार्रवाई नहीं होती, जबकि एडवोकेट एकेडमी पर कार्रवाई को ‘दोहरा मापदंड’ और ‘आर्टिकल 14’ का उल्लंघन बताया गया है।
स्कूल प्रबंधन ने इस मामले में हाईकोर्ट में एक सप्लीमेंट्री एफिडेविट दाखिल किया है और कैविएट भी दिया है, उम्मीद है कि अब अदालत न्याय के खंभे को बचाएगी। यदि न्याय नहीं मिलता है, तो अगली लड़ाई BSA, BEO सहित सभी दोषियों पर आपराधिक साजिश की FIR, पूरे सिंडिकेट के पर्दाफाश के लिए CBI जांच की मांग, और 150 बच्चों के माता-पिता के साथ DM ऑफिस के घेराव के रूप में लड़ी जाएगी।
यह लड़ाई सिर्फ एडवोकेट एकेडमी की नहीं बल्कि उन सभी बच्चों की है जिनका स्कूल भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ जाता है और इंग्लिश मीडियम के नाम पर मनमानी लूट खसोट जारी रहती है। इस अन्याय के खिलाफ आवाज उठाने और डर छोड़कर लड़ने का आह्वान किया गया है, क्योंकि आज एक स्कूल बंद हुआ है, कल कई बच्चों का भविष्य अंधकारमय हो सकता है।
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